प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना

कारीगरों के लिए वरदान है PM विश्वकर्मा योजना! मिलते हैं हजारों फायदे, जानिए योजना की पूरी जानकारी 

पारंपरिक कारीगरों और हस्तशिल्पकारों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने और उन्हें व्यापार के नए अवसर देने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ी पहल की है.

By : Dipali Kumari
कारीगरों के लिए वरदान है PM विश्वकर्मा योजना! मिलते हैं हजारों फायदे, जानिए योजना की पूरी जानकारी 

न्यूज़11 भारत 
नेशनल/डेस्क: 
हमारे समाज में सदियों से कुछ हुनरमंद कारीगर अपनी कला से हमारी संस्कृति, परंपरा और विरासत को जीवंत बनाए हुए हैं. लेकिन यह बेहद अफ़सोस की बात है कि पीढ़ी-दर-पीढ़ी चली आ रही इनकी कारीगरी को आज भी हम उतना सम्मान नहीं दे पाते, जिसके वह हक़दार हैं. कई कारीगरों की आर्थिक स्थिति आज भी दयनीय है. इसकी एक बड़ी वजह यह भी है कि पारंपरिक कारीगरों के पास आज के इस डिजिटल युग में भी आधुनिक औजारों, नई तकनीकों और पर्याप्त वित्तीय सहयोग की भारी कमी है. 

इन्हीं पारंपरिक कारीगरों और हस्तशिल्पकारों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने और उन्हें व्यापार के नए अवसर देने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ी पहल की है. देशभर के कारीगरों के लिए पीएम विश्वकर्मा योजना की शुरुआत की गयी है. इस योजना का मकसद इन कारीगरों को आधुनिक ट्रेनिंग, उपकरण और आसान ऋण उपलब्ध कराकर आत्मनिर्भर बनाना और पारंपरिक हुनरमंदों को मुख्यधारा की अर्थव्यवस्था से जोड़ना है. साथ ही इन कारीगरों के उत्पादों की गुणवत्ता व पहुंच को वैश्विक स्तर पर बढ़ाना है.
पीएम विश्वकर्मा योजना के माध्यम से लाभार्थियों को न केवल रियायती दरों पर ऋण और आधुनिक टूलकिट प्रोत्साहन राशि दी जाती है, बल्कि उनके कौशल को और निखारने के लिए ट्रेनिंग भी दी जा रही है.

पीएम विश्वकर्मा योजना के लिए आवश्यक पात्रता 

  • आवेदक हाथों और औजारों से काम करने वाला पारंपरिक कारीगर या शिल्पकार होना चाहिए.
  • इनमें लोहार, सुनार, कुम्हार, बढ़ई (सुतार), मूर्तिकार/पत्थर तराशने वाले, मोची/जूता बनाने वाले, दर्जी, नाई, धोबी, मालाकार (माला बनाने वाले), अस्त्रकार, ताला बनाने वाले, हथौड़ा और टूलकिट निर्माता, नाव निर्माता, टोकरी/मैट/झाड़ू बनाने वाले, गुड़िया व खिलौना निर्माता, राजमिस्त्री, और मछली का जाल बनाने वाले शामिल हैं.
  • आवेदक की न्यूनतम आयु 18 वर्ष होनी चाहिए.
  • परिवार का केवल एक ही सदस्य (पति, पत्नी और अविवाहित बच्चे) इस योजना का लाभ उठाने के लिए पात्र होगा.
  • आवेदक ने पिछले 5 वर्षों में केंद्र या राज्य सरकार की किसी समान क्रेडिट-आधारित योजना के तहत ऋण न लिया हो.
  • परिवार का कोई भी सदस्य सरकारी सेवा में कार्यरत नहीं होना चाहिए.

पीएम विश्वकर्मा योजना के लिए आवश्यक दस्तावेज

  • आधार कार्ड 
  • बैंक खाता विवरण 
  • मोबाइल नंबर
  • राशन कार्ड 
  • जाति या श्रेणी प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
  • कौशल से संबंधित व्यवसाय का ब्योरा

प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?

  • योजना में पंजीकरण कराने के लिए अपने नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाएं.
  • अपने आधार कार्ड और बैंक विवरण के साथ सीएससी डिजिटल सेवा केंद्र पर बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण (फिंगरप्रिंट) कराएं.
  • सीएससी ऑपरेटर के माध्यम से पीएम विश्वकर्मा के आधिकारिक पोर्टल (pmvishwakarma.gov.in) पर अपना फॉर्म भरवाएं.
  • आवेदन जमा होने के बाद इसकी जांच तीन चरणों में होगी.
  • सत्यापन पूरा होने के बाद लाभार्थी को पीएम विश्वकर्मा डिजिटल आईडी जारी की जाएगी और प्रशिक्षण तथा ऋण की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी.

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