अवैध कोयला

रोहिणी में कोयला माफियाओं पर सीआईएसएफ का प्रहार, MMDR ACT के तहत अवैध कोयला जब्त

जंगल से सटे इलाके में चला सघन अभियान; कमांडेंट अमित कुमार ने कहा—राष्ट्रीय संपत्ति की चोरी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं

By : Pramod Kumar , News11 Bharat
रोहिणी में कोयला माफियाओं पर सीआईएसएफ का प्रहार, MMDR ACT के तहत अवैध कोयला जब्त

मुमताज अहमद/न्यूज11  भारत 

खलारी/डेस्क:   खलारी. कोयलांचल में अवैध कोयला कारोबार के खिलाफ सीआईएसएफ का अभियान लगातार तेज होता जा रहा है. इसी कड़ी में सीआईएसएफ यूनिट सीसीएल एनके एवं पिपरवार ने रोहिणी क्षेत्र में एक सुनियोजित अभियान चलाकर अवैध रूप से जमा किए गए कोयले को जब्त किया है. जंगल से सटे संवेदनशील इलाके में हुई इस कार्रवाई को अवैध खनन एवं तस्करी के विरुद्ध एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.

खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 (MMDR Act) के तहत की गई इस कार्रवाई के बाद जब्त कोयले को अग्रिम वैधानिक कार्रवाई के लिए सीसीएल प्रबंधन को सौंप दिया गया है. सीआईएसएफ के अनुसार, कोयला चोरी और अवैध भंडारण के विरुद्ध भविष्य में भी इसी प्रकार के अभियान जारी रहेंगे.

यह अभियान सहायक कमांडेंट मनोहर बरवाहा के नेतृत्व में संचालित किया गया. अभियान में निरीक्षक (कार्यपालक) रश्मि, निरीक्षक पंकज झा एवं सीआईएसएफ के अन्य अधिकारियों और जवानों ने जंगल से सटे क्षेत्रों में घंटों सघन तलाशी अभियान चलाया. तलाशी के दौरान ऐसे स्थानों से कोयला बरामद किया गया, जहां उसे चोरी-छिपे एकत्र कर रखा गया था.

सीआईएसएफ यूनिट सीसीएल एनके एवं पिपरवार के कमांडेंट अमित कुमार ने कहा कि MMDR Act के अंतर्गत प्राप्त विशेष वैधानिक शक्तियों ने अवैध खनन और तस्करी के खिलाफ कार्रवाई को और अधिक प्रभावशाली बनाया है. उन्होंने कहा कि कोयलांचल में सक्रिय असामाजिक तत्वों को किसी भी परिस्थिति में राष्ट्रीय संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की अनुमति नहीं दी जाएगी.

उन्होंने कहा, “कोयला केवल एक खनिज नहीं, बल्कि देश की ऊर्जा व्यवस्था की महत्वपूर्ण धुरी है. इसकी चोरी सीधे तौर पर राष्ट्रहित को प्रभावित करती है. अवैध खनन, भंडारण और तस्करी में संलिप्त लोगों के विरुद्ध कानून के तहत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.”

कमांडेंट अमित कुमार ने स्थानीय नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि यदि कहीं भी अवैध खनन, कोयला चोरी या संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तुरंत सीआईएसएफ या स्थानीय प्रशासन को दें. उन्होंने कहा कि आम नागरिकों की सहभागिता से ही इस अवैध नेटवर्क को पूरी तरह समाप्त किया जा सकता है.

रोहिणी क्षेत्र में हुई यह कार्रवाई एक बार फिर इस बात का संकेत है कि सीआईएसएफ अब केवल निगरानी तक सीमित नहीं है, बल्कि MMDR Act के तहत प्राप्त अधिकारों का उपयोग करते हुए कोयला माफियाओं के विरुद्ध निर्णायक कार्रवाई कर रही है.

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