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सत्ता और पद स्थायी नहीं होते, लेकिन भ्रष्टाचार का हिसाब एक दिन अवश्य होता है - बाबूलाल मरांडी

चाईबासा जिले में डीएमएफटी से जुड़े खेल में की ओर इशारा किया, कहा- चोरी बंद नहीं हुई

By : News11 Bharat , Pramod Kumar
सत्ता और पद स्थायी नहीं होते, लेकिन भ्रष्टाचार का हिसाब एक दिन अवश्य होता है - बाबूलाल मरांडी

न्यूज11  भारत

रांची/डेस्क: भाजपा नेता और झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष ने फेसबुक पर एक पोस्ट डालकर चाईबासा में डीएमएफटी से जुड़े तथाकथित खेल की ओर इशारा किया है. साथ ही उन्होंने पश्चिमी सिंहभूम के उपायुक्त को अपने पोस्ट के माध्यम से आगाह भी किया है. बाबूलाल मरांडी ने अपने पोस्ट में लिखा है-

मेरे चाईबासा दौरे के बाद जिले में डीएमएफटी से जुड़े खेल में काफी बदलाव देखने को मिले हैं. चोरी बंद नहीं हुई है, बल्कि उसका तरीका बदल दिया गया है. विधानसभा में मामला न उछले, इसलिए तथाकथित “पार्सल बॉयज़” के नामों के आगे अब कोड वर्ड जोड़ दिए गए हैं.

उपायुक्त महोदय, चूँकि आप डीएमएफटी को लेकर लगभग हर दूसरे दिन आधिकारिक और अनधिकारिक स्तर पर नए-नए निर्देश जारी कर रहे हैं, इसलिए आपकी जानकारी के लिए बता दूँ कि आपके नाक के नीचे “अमर रवि” और “श्याम सुंदर” क्या-क्या खेल कर रहे हैं, यह उजागर हो चुका है. ये दोनों कौन हैं, यह चाईबासा के डीएमएफटी तंत्र का हर खिलाड़ी भली-भांति जानता है.

जेएमएम से जुड़े भ्रष्ट विधायकों और कुछ अधिकारियों के बीच सेतु का काम करने वाले ये दोनों पात्र चाहे जितने सुबूत मिटाने की कोशिश कर लें, सच हमेशा के लिए दबाया नहीं जा सकता. आज नहीं तो कल पूरा खेल सामने आएगा. इस पूरे षड्यंत्र का भंडाफोड़ होगा.

यदि अब भी आपने सबक नहीं लिया, तो उन आईएएस अधिकारियों की सूची एक बार अवश्य देख लीजिए जो भ्रष्टाचार के कारण जेल और हवालात तक पहुँच चुके हैं. सत्ता और पद स्थायी नहीं होते, लेकिन भ्रष्टाचार का हिसाब एक दिन अवश्य होता है.

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