Nirmal 'NIMS' Purja का निधन

ब्रॉड पीक पर एवलांच में मशहूर पर्वतारोही Nirmal 'NIMS' Purja का निधन, पर्वतारोहण जगत में शोक

पाकिस्तान-चीन सीमा पर अभियान के दौरान आया हिमस्खलन, कई पर्वतारोहियों की गई जान

By : Ark Sahuliyar
ब्रॉड पीक पर एवलांच में मशहूर पर्वतारोही Nirmal 'NIMS' Purja का निधन, पर्वतारोहण जगत में शोक

न्यूज़11 भारत 
नई दिल्ली/डेस्क:
दुनिया के प्रसिद्ध पर्वतारोही निर्मल 'निम्स' पुरजा उर्फ़ 'निम्स दाई' का पाकिस्तान और चीन की सीमा पर स्थित 8,051 मीटर ऊंची ब्रॉड पीक पर आए भीषण हिमस्खलन (एवलांच) में निधन हो गया. उनके एडवेंचर संगठन 'एलीट एक्सपेड' ने सोशल मीडिया के माध्यम से इस दुखद खबर की आधिकारिक पुष्टि की है. इस हादसे के बाद अंतरराष्ट्रीय पर्वतारोहण समुदाय में शोक की लहर है. जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को ब्रॉड पीक के वेस्ट रिज रूट पर लगभग 21,600 से 21,850 फीट की ऊंचाई के बीच अचानक हिमस्खलन हुआ. इसके बाद निर्मल पुरजा समेत कई पर्वतारोही लापता हो गए थे. शनिवार को जारी रिपोर्टों में पुष्टि हुई कि इस दुर्घटना में पुरजा और उनके कुछ साथी जीवित नहीं बच सके.

अलग-अलग देशों के पर्वतारोही थे अभियान का हिस्सा
बताया गया है कि 43 वर्षीय निर्मल पुरजा सहित कुल 10 पर्वतारोही इस अभियान में शामिल थे. इनमें छह नेपाल के थे, जबकि अन्य सदस्य पाकिस्तान, ओमान, अमेरिका और चीन से थे. सभी पर्वतारोही गुरुवार से लापता बताए जा रहे थे. बचाव अभियान के दौरान सामने आई जानकारी के बाद हादसे में कई लोगों की मौत की पुष्टि हुई.

दो भरोसेमंद साथी भी हादसे का हुए शिकार
एलीट एक्सपेड ने अपने बयान में बताया कि इस दुर्घटना में निर्मल पुरजा के साथ उनके लंबे समय से सहयोगी और पर्वतारोहण गाइड पुर बहादुर गुरुंग तथा निमा शेर्पा का भी निधन हो गया. संगठन ने मृतकों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए लोगों से इस कठिन समय में परिवारों की निजता का सम्मान करने की अपील की है.

रिकॉर्ड उपलब्धियों से बनाई थी अलग पहचान
निर्मल पुरजा का नाम आधुनिक पर्वतारोहण के सबसे प्रेरणादायक चेहरों में गिना जाता था. ब्रिटेन की स्पेशल बोट सर्विस (SBS) और गोरखा रेजिमेंट में सेवा देने के बाद उन्होंने पर्वतारोहण की दुनिया में कई ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल कीं. साल 2019 में उन्होंने दुनिया की 14 सबसे ऊंची, 8,000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाली चोटियों को महज छह महीने और छह दिन में फतह कर विश्व रिकॉर्ड बनाया था. इसके अलावा वह उस नेपाली टीम के सदस्य भी थे जिसने पहली बार सर्दियों के मौसम में दुनिया की दूसरी सबसे ऊंची चोटी K2 पर सफल चढ़ाई की थी.

Netflix डॉक्यूमेंट्री से मिली वैश्विक पहचान
निर्मल पुरजा की असाधारण यात्रा और उनके महत्वाकांक्षी 'प्रोजेक्ट पॉसिबल' पर आधारित Netflix डॉक्यूमेंट्री '14 पीक्स: नथिंग इज इंपॉसिबल' ने उन्हें वैश्विक पहचान दिलाई. उनकी उपलब्धियों और नेतृत्व क्षमता ने दुनिया भर के पर्वतारोहियों और युवाओं को बड़े लक्ष्य तय करने और कठिन चुनौतियों का सामना करने की प्रेरणा दी. उनका असामयिक निधन पर्वतारोहण जगत के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है. उनकी उपलब्धियां आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी रहेंगी.

यह भी पढ़ें- मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद ओमान में फंसी सिमडेगा की बेटी प्रीति कुजूर की हुई सुरक्षित घर वापसी

 

संबंधित सामग्री

रामगढ़ में जमीन अधिग्रहण का मुआवजा बढ़ा, हाईकोर्ट ने 3,740 से बढ़ाकर 99,300 रुपये प्रति डिसमिल किया

रामगढ़ में जमीन अधिग्रहण का मुआवजा बढ़ा, हाईकोर्ट ने 3,740 से बढ़ाकर 99,300 रुपये प्रति डिसमिल किया

झारखंड हाईकोर्ट ने रामगढ़ के गांदके गांव में नेशनल हाईवे के चौड़ीकरण के लिए अधिग्रहित जमीन के मुआवजे को लेकर बड़ा फैसला सुनाया है.

अभिलाष साहू के निलंबन मुक्ति के निर्णय से झारखंड कांग्रेस प्रभारी के राजू असंतुष्ट, निलंबन मुक्त होल्ड करने का निर्देश

अभिलाष साहू के निलंबन मुक्ति के निर्णय से झारखंड कांग्रेस प्रभारी के राजू असंतुष्ट, निलंबन मुक्त होल्ड करने का निर्देश

कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष अभिलाष साहू को निलंबन मुक्त किए जाने के निर्णय से झारखंड कांग्रेस प्रभारी के राजू असंतुष्ट हैं.

CCL में अनुकंपा नियुक्ति पर झारखंड हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, NCWA-XI के तहत अविवाहित बहन को भी मिलेगी नौकरी

CCL में अनुकंपा नियुक्ति पर झारखंड हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, NCWA-XI के तहत अविवाहित बहन को भी मिलेगी नौकरी

झारखंड हाई कोर्ट ने सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (CCL) में अनुकंपा के आधार पर नौकरी को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण और संवेदनशील फैसला सुनाया है.

बिना कारण बताओ नोटिस कर्मचारी की बर्खास्तगी गैर-कानूनी, कोर्ट जाने पर सजा देने की प्रथा तुरंत बंद हो: हाई कोर्ट

बिना कारण बताओ नोटिस कर्मचारी की बर्खास्तगी गैर-कानूनी, कोर्ट जाने पर सजा देने की प्रथा तुरंत बंद हो: हाई कोर्ट

झारखंड हाईकोर्ट ने स्वास्थ्य विभाग के इंजीनियरिंग सेल में लंबे समय तक संविदा पर काम करने वाले नौ कर्मचारियों को बड़ी राहत दी है.

पुरानी सूची में नाम से नहीं मिलेगी सरकारी नौकरी, झारखंड हाईकोर्ट ने 35 सुपरवाइजरों की मांग ठुकराई

पुरानी सूची में नाम से नहीं मिलेगी सरकारी नौकरी, झारखंड हाईकोर्ट ने 35 सुपरवाइजरों की मांग ठुकराई

झारखंड हाईकोर्ट ने गैर-औपचारिक शिक्षा योजना में काम कर चुके 35 सुपरवाइजरों को झारखंड सरकार की नियमित सेवा में शामिल करने की मांग खारिज कर दी है.