न्यूज11 भारत/बिहार डेस्क
पूजा शर्मा/पटना: 1799 पदों वाली दरोगा भर्ती की मेंस परीक्षा रद्द किए जाने के विरोध में पटना में आज अभ्यर्थी सड़क पर उतरे हैं। इन सभी के हाथों में पोस्टर थे। जिस पर लिखा था- एक सुट्टा, दो चाय, BPSSC हाय-हाय है…2 कचौड़ी एक समोसा, BPSSC का क्या भरोसा। इस दौरान पुलिस ने जेपी गोलंबर के पास बैरिकेडिंग लगाकर छात्रों को रोक दिया।
छात्र बैरिकेडिंग तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश करते रहे। इन्हें कंट्रोल करने के लिए एक पुलिस वाले ने लाठी भांजी। इसके बाद छात्र आक्रोशित हो गए और बैरिकेडिंग तोड़कर डाकबंगला की तरफ बढ़ गए। अभ्यर्थियों को रोकने की पटना पुलिस द्वारा डाकबंगला चौराहे पर कंटीले तार लगाने के साथ-साथ लोहे की शील्ड से बैरिकेडिंग की गई थी।
वहीं दूसरी ओर पटना के गर्दनीबाग में AISA की ओर से छात्र-युवा महापंचायत आयोजित की गई। इसमें BPSC, BSSC, दरोगा और बिहार पुलिस ड्राइवर भर्ती के अभ्यर्थी शामिल हुए। अभ्यर्थियों ने सरकार और आयोग पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए बड़े आंदोलन का ऐलान किया है।
डेलिगेशन के जाने के बाद प्रदर्शन कर रही भीड़ को हटाया गया। जिसके बाद डेलिगेशन के सदस्यों ने मुख्यमंत्री सचिवालय जाने से इनकार कर दिया।
अभ्यर्थियों की तरफ से 1799 पदों की भर्ती की मेंस परीक्षा रद्द करने का नोटिस वापस लेने की मांग रखी गई। उनका कहना है कि पीटी परीक्षा के बाद मेंस की तैयारी की और फिर परीक्षा दी। मेंस में सफल होने के बाद पिछले कई महीनों से वे फिजिकल परीक्षा की तैयारी में जुटे थे। अचानक परीक्षा रद्द होने से पूरी भर्ती प्रक्रिया को लेकर अभ्यर्थियों के सामने असमंजस की स्थिति उत्पन्न हो गई है।