विरेन्द्र शर्मा/न्यूज़11 भारत
बरही/डेस्क: चौपारण प्रखंड के प्रादेशिक वन क्षेत्र में जंगल की जमीन पर अवैध कब्जा करने वालों के खिलाफ वन विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है. जंगल क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अतिक्रमण की सूचना के बाद वन विभाग की टीम ने भंडार, अमरौल और बिगहा क्षेत्र में अभियान चलाकर अवैध अतिक्रमण हटाया. इस दौरान वन भूमि पर बनाए जा रहे कई निर्माणाधीन मकानों को ध्वस्त कर दिया गया.वन विभाग की कार्रवाई से अतिक्रमण कारियों में हड़कंप मच गया. अभियान के दौरान वन कर्मियों ने क्षेत्र में अतिक्रमण की स्थिति का जायजा लिया और जंगल की जमीन पर कब्जा करने वाले कई लोगों को चिन्हित किया. चिन्हित लोगों के खिलाफ वन वाद दायर करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है.
प्रादेशिक वन क्षेत्र के वनपाल प्यारेलाल ने कहा कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण कानूनन अपराध है. जंगल की जमीन को अतिक्रमण से मुक्त रखने के लिए विभाग लगातार निगरानी कर रहा है. उन्होंने स्पष्ट किया कि वन क्षेत्र में अवैध रूप से मकान बनाने अथवा वन भूमि पर कब्जा करने वालों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी.उन्होंने कहा कि वन क्षेत्र की जमीन पर किसी भी तरह का नया निर्माण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. विभाग की टीम लगातार ऐसे क्षेत्रों पर नजर रख रही है, जहां वन भूमि पर अतिक्रमण की आशंका है. वन विभाग ने संकेत दिया है कि अतिक्रमण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा. चिन्हित अतिक्रमणकारियों पर कानूनी कार्रवाई के साथ वन भूमि पर किए गए अवैध निर्माण को हटाने की प्रक्रिया भी जारी रहेगी.