न्यूज़11 भारत:
एंटरटेनमेंट/डेस्क : बॉलीवुड के सबसे अलग और अपनी सक्रीन प्रेजेंस से सबका दिल लुभाने वाले आयुष्मान खुराना आज अपना जन्मदिन मना रहे हैं. 14 सितंबर 1984 को जन्मे आयुष्मान ने अपनी फिल्मों के जरिए साबित किया कि किसी अभिनेता की पहचान सिर्फ बड़े पर्दे पर रोमांस और एक्शन तक सीमित नहीं होती है. उन्होंने कुछ ऐसे किरदार चुने, जो समाज से जुड़े मुद्दे को मनोरंजन के साथ सामने लाते हैं. 'विक्की डोनर' से बॉलीवुड में कदम रखने वाले आयुष्मान ने कई ऐसे शानदार परफॉर्मेंस दिए हैं. जानें उनकी 5 सबसे दमदार फिल्मों के बारे में.
दम लगाके हईशा : इस फिल्म में आयुष्मान खुराना ने एक मिडिल क्लास परिवार के ऐसे युवक का किरदार निभाया था, जिसे अपनी नाकामियों के लिए हर दिन ताने सुनने पड़ते हैं. घर हो या बाहर, लोग उसे बार-बार उसकी कमियों का एहसास कराते हैं. लेकिन उसे उसकी पत्नी का पूरा साथ मिलता है. यह फिल्म एक इमोशनल फैमिली ड्रामा पर आधारित है. दिलचस्प बात यह है कि इस मूवी को लोगों से बहुत प्यार मिला था.
अंधाधुन : यह फिल्म आयुष्मान के करियर की सबसे चर्चित फिल्मों में से एक है. इसमें उन्होंने एक पियानो प्लेयर का किरदार निभाया, जो नेत्रहीन था. यह मूवी मर्डर मिस्टरी पर है. आयुषमान का किरदार और उनकी एक्टिंग ने इस फिल्म में बेहद शानदार था. और इस फिल्म को बॉक्स ऑफिस के हिसाब से उनके करियर की फिल्मों में से एक मानी जाती है.
आर्टिकल 15 : इस फिल्म में आयुष्मान ने पुलिस अधिकारी की भूमिका निभाई थी, जो सिस्टम के खिलाफ जाकर सच का साथ देता है. इस फिल्म में भी उन्होंने काफी अच्छा प्रदर्शन किया था.
बाला : यह फिल्म एक इंसान के बाल झड़ने की समस्या तक ही सीमित नहीं थी. बल्कि उन कमियों को लेकर थी जिसे सामाज अक्सर जरूरत से ज्यादा बड़ा बना देता है. इस फिल्म के ज़रिए आयुष्मान खराना और भूमि पेडनेकर ने दिखाया की हर इंसान में कोई न कोई कमी होती है. जिसे स्वीकार कर आगे बढ़ना जरूरी है. आयुष्मान की एक्टिंग ने इस फिल्म को और भी प्रभावी बनाया था.
गुलाबो सिताबो: यह फिल्म कोरोना के समय आई थी और इसे ओटीटी प्लेटफॉर्म पर दिखाया गया था. फिल्म खाफी लोगों तक पहुंची नहीं थी, फिर भी खास थी. इस फिल्म में न केवल आयुष्मान का ही बल्कि अन्य किरदारों का अभिनय बेहद मजेदार था.
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